BhaktiVed
माता

अमी भरेली नजरुं राखो, दडवावाळी मात रे,

garba

अमी भरेली नजरुं राखो, दडवावाळी मात रे,

अमी भरेली नजरुं राखो, दडवावाळी मात रे,

दर्शन आपो दुखडा कापो, दडवावाळी मात रे,

सुख अंतरमां वास करोने, दडवावाळी मात रे,

अमी भरेली नजरुं राखो, दडवावाळी मात रे.

चरण कमळमां शीष नमावुं, दडवावाळी मात रे,

दया करीने भक्ति देजो, दडवावाळी मात रे,

तारे भरोषे जीवन नैया हांकी रह्यो, दडवावाळी मात रे,

अमी भरेली नजरुं राखो, दडवावाळी मात रे.

बनी सुकानी पार उतारो, दडवावाळी मात रे,

आशिष देजो उरमां रेजो, दडवावाळी मात रे,

अमी भरेली नजरुं राखो, दडवावाळी मात रे.

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