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BhaktiVed के साथ रोशनी का त्योहार

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आज

शुक्रवार, 6 नवंबर 2026

पराभव संवत्सर · आश्विन · कृष्ण पक्ष

तिथिद्वादशी 10:31 AM तक · फिर त्रयोदशी
नक्षत्रहस्त 4:43 AM (कल) तक · फिर चित्रा
सूर्योदय6:16 AM
सूर्यास्त5:42 PM
राहुकाल10:33 AM – 11:59 AM
यमगंड2:51 PM – 4:17 PM
गुलिक काल7:42 AM – 9:07 AM

हैदराबाद · Asia/Kolkata · गणना किए गए समय (लाहिड़ी अयनांश)। व्रत-त्योहार के लिए अपने परिवार के पंचांग / पुरोहित की बात मानें। स्रोत और गणना पद्धति

आज की खास बात

प्रदोष: शाम को शिव स्मरण

त्रयोदशी की संध्या प्रदोष पूजा से जुड़ी है। शिव स्मरण के साथ कुछ समय शांति से बिताएं।

आज क्या कर सकते हैं

  1. शाम को सुविधानुसार प्रार्थना करें।
  2. शांति से ॐ नमः शिवाय का स्मरण करें।
  3. मंदिर जाने से पहले वहां की पूजा का समय देखें।

आज की छोटी प्रार्थना

ॐ नमः शिवाय ॥

अर्थ: शिव जी को नमस्कार। इस छोटे मंत्र को धीरे पढ़ें और कुछ पल शांति से बैठें।

Roman reading

Om Namah Shivaya.

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Bhagavad Gita 2.14 · An everyday reflection inspired by the Gita, not a verse translation.

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ॐ जय शिव ओंकारा

आरती · Om Jai Shiv Onkara

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वार्षिक पर्व आंध्र / तेलंगाना की संदर्भ सूची से हैं; मासिक तिथि-आधारित दिन चुने शहर के लिए गणित हैं। व्रत की तारीख अपनी परंपरा के पंचांग से जाँचें।

  1. 7 नवंबरशनिवार मासिक शिवरात्रि कल
  2. 8 नवंबररविवार दिवाली 2 दिन में
  3. 8 नवंबररविवार नरक चतुर्दशी 2 दिन में
  4. 9 नवंबरसोमवार अमावस्या 3 दिन में
  5. 11 नवंबरबुधवार भाई दूज 5 दिन में
  6. 13 नवंबरशुक्रवार नाग चतुर्थी 7 दिन में
  7. 13 नवंबरशुक्रवार विनायक चतुर्थी 7 दिन में
  8. 21 नवंबरशनिवार एकादशी 15 दिन में
हरि व्यापक सर्वत्र समाना, प्रेम ते प्रगट होहिं मैं जाना भगवान सर्वत्र समान रूप से व्याप्त हैं, पर प्रकट प्रेम से ही होते हैं — यह मैं जानता हूँ, कहते हैं तुलसीदास। — श्रीरामचरितमानस · बालकांड

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