BhaktiVed
कृष्ण

मैं बिरहिणी बैठी जागुं

भजनरचना: મીરાંબાઈ (Meera Bai)
लिपि
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स्रोत
Gujarati Wikisource, https://gu.wikisource.org/wiki/મૈં_બિરહિણી_બૈઠી_જાગું (revision 204901)
स्रोत का विवरण
Text taken from the Wikisource transcription; script-converted to Devanagari

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मैं बिरहिणी बैठी जागुं

मैं बिरहिणी बैठी जागुं, जगत सब सोवै, री आली.

बिरहिणी बैठी रंगमहलमें, मोतियनकी लट पोवै,

इक बिरहिणी हम ऐसी देखी, अंसुअनकी माला पौवे. मै०

तरे गिन गिन रैन बिहानी, सुखकी घडी कब आवे ?

मीरां के प्रभु गिरिधर नागर, जब मोहि दरस दिखावे. मै.०

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