BhaktiVed
कृष्ण

नगारां काळनां गडे

भजनरचना: દેવાનંદ સ્વામી (Devanand Swami)
लिपि
अक्षर आकार

स्रोत और संपादकीय समीक्षा · समीक्षा दर्ज नहीं है
स्रोत
Gujarati Wikisource, https://gu.wikisource.org/wiki/નગારાં_કાળનાં_ગડે (revision 205330)
स्रोत का विवरण
Text taken from the Wikisource transcription; script-converted to Devanagari

उपलब्ध स्रोत और समीक्षा का विवरण यहाँ दिया जाता है। लिपि बदलना अनुवाद नहीं है। परंपराओं में पाठांतर हो सकते हैं।

नगारां काळनां गडे

काळनां गडे नगारां काळनां गडे,

अगड धें धें धें धें नगारां काळनां गडे... टेक

ढोल ने रणतुर वागे झांझ खडेडे,

नेजा ने निशान दीसे फोजुं बहु फरे... अगड.. १

नाळु ने जंजाळुं सर्वे कडे ने धडे,

आंख्यो मींची बेठो अंधो मनसूबा घडे... अगड.. २

कठण वेगे काळ आवी ओचिंतो अडे,

जळ थोडामां जीव जेम पूरो तरफडे... अगड.. ३

चेतवुं होय तो चेती लेजो बीजुं रह्युं नडे,

देवानंदनो नाथ भज्या विना नरके जई पडे... अगड.. ४

इस पाठ का वीडियो नहीं है।YouTube पर खोजें

ये भी पढ़ें