BhaktiVed
कृष्ण

आ जोने आहीरने आंगणे

भजनरचना: નરસિંહ મહેતા (Narsinh Mehta)
लिपि
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स्रोत
Gujarati Wikisource, https://gu.wikisource.org/wiki/આ_જોને_આહીરને_આંગણે (revision 207573)
स्रोत का विवरण
Text taken from the Wikisource transcription; script-converted to Devanagari

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आ जोने आहीरने आंगणे

आ जोने आहीरने आंगणे, नरहरि नाचे नित्ये रे;

ब्रह्मादिकने स्वप्ने न आवे ते हरि आवे प्रीत्ये रे. - ओ जोने. १

नाचतो हरि सुंदर दीसे घूघरडी वाजे चरण रे;

भरूआडानां भाग्य ज मोटा, शुं कीजे उत्तम वरण रे? - ओ जोने. २

भक्त तणा हित जाणी भूधार अवनितल अवधार धरे;

धन्य धन्य गोपी कृष्ण हूलरावे, नरसैंनो स्वामी पाप हरे. - ओ जोने. ३

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